
Anuj Chaudhary के समर्थन में खुलकर सामने आए Yogi Adityanath
6 मार्च को संभल कोतवाली पुलिस स्टेशन में एक शांति समिति की बैठक आयोजित की गई थी,
जिसका उद्देश्य सांप्रदायिक सद्भाव सुनिश्चित करना था क्योंकि इस साल 14 मार्च को होली रमजान
के दौरान जुमे की नमाज के साथ ही पड़ रही थी।बैठक के दौरान पुलिस उपाधीक्षक (डीएसपी)
अनुज चौधरी ने कहा, ‘रंगों का त्योहार साल में केवल एक बार आता है, जबकि जुमे (नमाज के लिए)
एक साल में 52 बार आता है, और इसलिए मैं अपने मुस्लिम भाइयों को सलाह देता हूं कि जो सोचते
हैं कि जुमे की नमाज के लिए जाते समय उन पर रंग लगना अपवित्र कार्य होगा, उन्हें तब तक घर के
अंदर रहना चाहिए जब तक कि सड़कों पर होली का जश्न खत्म न हो जाए।’इस अवसर पर आदित्यनाथ
ने महाकुंभ भगदड़ में हुई मौतों को छिपाने के आरोपों को खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि सरकार
की प्राथमिकता घायलों की मदद करना और यह सुनिश्चित करना था कि मौनी अमावस्या पर पवित्र
स्नान करने वाले लोग संगम क्षेत्र से आसानी से निकल सकें। उन्होंने कहा कि जब प्रशासन ने घायलों
को सुरक्षित कर लिया और यह सुनिश्चित कर लिया कि भीड़ कम हो गई है, तब उन्होंने मीडिया को
इसकी जानकारी दी। उन्होंने यह भी कहा कि महाकुंभ एकता का एक अच्छा उदाहरण है और उन
लोगों के लिए एक सबक है, जिन्होंने इस आयोजन पर सवाल उठाए थे।