
पूरे प्रदेश में आस्था का सम्मान करने के व्यापक इंतजाम : योगी आदित्यनाथ
गोरखपुर। मुख्यमंत्री एवं गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ
ने सभी नागरिकों को मकर संक्रांति की हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं देते हुए कहा कि
इस पर्व पर आस्था को सम्मान देने के लिए पूरे प्रदेश के अंदर सुरक्षा
सुविधा व सहूलियत के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। पूरे प्रदेश में आस्था का सम्मान करने के व्यापक इंतजाम.
सोमवार को भोर में चार बजे मकर संक्रांति पर्व पर गोरखनाथ
मंदिर में महायोगी गोरखनाथ को विधिविधान से आस्था की पवित्र
खिचड़ी चढ़ाने के बाद मीडियाकर्मियों से बातचीत में
सीएम योगी ने कहा कि सरकार का प्रयास है कि कहीं भी श्रद्धालुओं को कोई असुविधा न हो।
इसे लेकर पूरे प्रदेश में हर जगह पर्याप्त व्यवस्था की गई है।
गोरखनाथ मंदिर में भी खिचड़ी चढ़ाने आए लाखों श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सारी व्यवस्थाएं की गई हैं।
मकर संक्रांति के मुख्य पर्व पर यह संख्या लाखों में दिख रही है
उन्होंने कहा कि गोरखनाथ मंदिर में कल से ही बड़ी संख्या में श्रद्धालु
शिवावतार महायोगी गोरखनाथ को खिचड़ी चढ़ा रहे हैं और आज
मकर संक्रांति के मुख्य पर्व पर यह संख्या लाखों में दिख रही है।
गुरु गोरखनाथ को आस्था की पवित्र खिचड़ी
चढ़ाने के लिए सड़कों पर लंबी-लंबी कतारें लगी हुई हैं।
और लोग अनुशासित होकर दर्शन-पूजन और खिचड़ी चढ़ाने का
अनुष्ठान में सम्मिलित हो रहे हैं। इन श्रद्धालुओं के लिए प्रशासन के साथ ही मंदिर प्रबंधन की तरफ से भी व्यापक प्रबंध किए गए हैं। जगतपिता सूर्य से प्रदेशवासियों के शुभ व मंगलमय जीवन की कामना करते हुए
आज से शुभ व मांगलिक कार्य भी प्रारम्भ हों जाएंगे
मुख्यमंत्री ने कहा कि बारह राशियों में भ्रमणशील सूर्यदेव मकर संक्रांति
पर धनु राशि से मकर राशि में प्रवेश करने के साथ दक्षिणायण से उत्तरायण होते हैं।
मकर संक्रांति हर प्रकार के शुभऔर मांगलिक कार्यक्रमों के
लिए प्रशस्ति तिथि मानी गई है। आज से शुभ व मांगलिक कार्य भी प्रारम्भ हों जाएंगे।
सीएम योगी ने कहा कि मकर संक्रांति के पावन पर्व पर लोग संगम तट,
नदियों व सरोवरों में स्नान करके अपनी आस्था को पुष्ट करने के साथ
भारत की सनातन परंपरा के प्रति दृढ़ विश्वास को आगे बढ़ा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि हजारों वर्षों से जारी मकर संक्रांति की महत्वपूर्ण
परंपरा में लाखों की संख्या में श्रद्धालु ब्रह्म मुहूर्त से ही पूरी श्रद्धा के साथ जुड़े हुए हैं।