क्यों मजबूर हुए स्कूली बच्चे रोड़ जाम करने को
महिलाएं भी क्यों उतरी बच्चों के समर्थन में
बरवाला के पास सिंघवा राघो गांव के लोग बदबूदार पानी पीने को हुए मजबूर
प्रशासन कान में रुई डाले आंख मूंदे हुए
निधि मीडिया न्यूज हरियाणा
सिंघवा राघो बरवाला हिसार
बच्चों का साथ क्यों दिया गांव के बुजुर्गो और युवाओं ने
बरवाला से 15 किलो मीटर पर जैसे ही अपनी बाइक रोकी
तो पुलिस कर्मचारी ने दूसरे रास्ते से जाने का इशारा किया
पूछने पर पता चला कि सिंघवा राघो गांव के स्कूली बच्चों
ने हाइवे पर जाम लगाया है जिसमे सारा गांव उनके साथ है
पूछने पर पता चला कि पिछले दिनों आई बारिश से गांव में पानी भर गया था
जिसे अभी तक निकाला नहीं गया है जिसकी वजह से स्कूल में पानी जमा हो गया है
और बच्चों को गांव की ही परस मे स्कूल लगाया जा रहा है
जो हर दिन दो क्लास आती है हालांकि सरकारी स्कूल टीचर्स पढ़ा जरूर रहे है
परंतु गांव मे पानी इकट्ठा होने की वजय से बीमारियों का खतरा पैदा हो गया है
जिसकी वजह से सारा गांव रोड़ पर बैठने को मजबूर हो गया
गांव भराण के जयदेव राठी के अनुसार देशभर में डॉक्टर, इंजीनियर, आईएएस,
आईपीएस, सेना अधिकारी व अन्य क्षेत्रों में बेहतर भविष्य बनाने
का संघर्ष विद्यार्थियों को कोचिंग संस्थानों की ओर धकेल रहा है।
जहां लाखों युवा अपने भविष्य के सपने बुनने की सोच लेकर जाते हैं।
बच्चों का साथ क्यों दिया गांव के बुजुर्गो और युवाओं ने
जब ये सपने अधूरे रह जाते हैं तो विद्यार्थी अंदर से टूटने के साथ मायूस हो जाते हैं।
पेश हैं एक विशेष रिपोर्ट
वीरेंद्र सोनी
ब्यूरो चीफ हरियाणा
निधि मीडिया न्यूज
