अमेरिकी आक्षेप पूरी तरह से अस्वीकार्य अनुचित : भारत

अमेरिकी आक्षेप पूरी तरह से अस्वीकार्य अनुचित : भारत
अमेरिकी आक्षेप पूरी तरह से अस्वीकार्य अनुचित : भारत

नयी दिल्ली, भारत ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी और कांग्रेस के बैंक

खातों को जब्त करने को लेकर अमेरिकी विदेश विभाग द्वारा लगातार टिप्पणी किये जाने को

लेकर आज नाराज़गी प्रकट की और स्पष्ट किया कि उसके आक्षेप पूरी तरह से अस्वीकार्य हैं तथा

आपसी सम्मान एवं समझ वाले संबंधों में ऐसा व्यवहार अनुचित है।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने आज यहां नियमित ब्रीफिंग में अमेरिकी विदेश

विभाग की दूसरी टिप्पणी के बारे में पूछे जाने पर कहा, “कल भारत ने अमेरिकी विदेश विभाग

द्वारा की गई टिप्पणियों के संबंध में अमेरिकी दूतावास के वरिष्ठ अधिकारी के समक्ष अपनी कड़ी

आपत्ति और विरोध दर्ज कराया था।

 

भारत को अपनी स्वतंत्र और मजबूतलोकतांत्रिक संस्थाओं पर गर्व है।

प्रवक्ता ने कहा, “अमेरिकी विदेश विभाग की हालिया टिप्पणियाँ पूरी तरह से अनुचित हैं। हमारी चुनावी

और कानूनी प्रक्रियाओं पर ऐसा कोई भी बाहरी आक्षेप पूरी तरह से अस्वीकार्य है। भारत में कानूनी प्रक्रियाएं

कानून के शासन से ही संचालित होती हैं। जिन देशों का लोकाचार समान है, विशेषकर साथी लोकतंत्रों को,

उन्हें इस तथ्य की सराहना करने में कोई कठिनाई नहीं होनी चाहिए। भारत को अपनी स्वतंत्र और मजबूत

लोकतांत्रिक संस्थाओं पर गर्व है। हम उन्हें किसी भी प्रकार के अनुचित बाहरी प्रभाव से बचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

आपसी सम्मान और समझ अंतरराष्ट्रीय संबंधों की नींव बनाती है, और देशों से दूसरों की संप्रभुता और आंतरिक

मामलों का सम्मान करने की अपेक्षा की जाती है। यूक्रेन के विदेश मंत्री दिमित्रो कुलेबा की भारत यात्रा के बारे में

पूछे जाने पर विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा, “यूक्रेनी विदेश मंत्री की भारत यात्रा, विदेश मंत्री एस जयशंकर के

निमंत्रण पर हो रही है। वह दो दिवसीय यात्रा पर यहां आएंगे। वह विदेश मंत्री के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे।

पहले आयोजित अंतर सरकारी आयोग की समीक्षा करेंगे। वे वैश्विक मुद्दों और आम चिंता के क्षेत्रीय मुद्दों पर भी

चर्चा करेंगे और यूक्रेनी विदेश मंत्री के लिए कई अन्य कार्यक्रम भी तय हैं।”

अमेरिकी आक्षेप पूरी तरह से अस्वीकार्य अनुचित : भारत

अमेरिका में बाल्टीमोर में एक पुल के ढहने की घटना पर विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा, “जहाज़ के

चालक दल के 21 सदस्यों में से 20 भारतीय हैं। उन सभी की सेहत अच्छी है। उनमें से एक मामूली

रूप से घायल है। टांके लगाए गए हैं। हमारे दूतावास हम इस मामले में जहाज पर सवार भारतीयों

और स्थानीय अधिकारियों के साथ निकट संपर्क में हैं। गौरतलब है कि अमेरिका के बाल्टीमोर में

मंगलवार को एक मालवाहक जहाज़ की 47 साल पुराने ‘फ्रांसिस स्कॉट की ब्रिज’ से जोरदार टक्कर

हो गई। जैसे ही जहाज ब्रिज से टकराई पूरा पुल ताश के पत्ते की तरह ढह गया था।चीन द्वारा अरुणाचल

प्रदेश पर बार बार दावा किये जाने के बारे में एक सवाल के जवाब में श्री जायसवाल ने कहा,

“अरुणाचल प्रदेश के मामले पर हमारी स्थिति बार-बार स्पष्ट की गई है। हमने इस संबंध में बयान

भी जारी किए हैं। चीन जितनी बार चाहे अपने निराधार दावों को दोहरा सकता है। पर इससे

हमारी स्थिति में कोई बदलाव आये, ऐसा नहीं होने वाला है। अरुणाचल प्रदेश भारत का

अभिन्न और अविभाज्य हिस्सा था, है और रहेगा।

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