
साउथ इंडियन फूड हम सभी को खाना काफी अच्छा लगता है। अमूमन लोग इसे घर पर
बनाते हैं। यकीनन इडल और डोसा जब घर पर बनाकर खाया जाए तो उसकी बात ही कुछ
और होती है। लेकिन अक्सर यह देखने में आता है कि इसका बैटर खट्टा हो जाता है खासकर
गर्मी के मौसम में। ऐसे में इडली व डोसा का वह टेस्ट नहीं आता है। लेकिन अगर आप चाहें
तो कुछ आसान तरीकों को अपनाकर इस बैटर को खट्टा होने से बचा सकते हैं। मसलन,
बैटर के लिए फरमेंटेशन जरूरी है, लेकिन अगर यह ज़रूरत से ज़्यादा हो जाता है, तो आपका
बैटर बहुत ज़्यादा खट्टा हो जाएगा। इसे सही समय पर फ्रिज में रखना बेहद जरूरी है। इसी
तरह, बैटर तैयार करते समय उसमें मेथी के बीज डालने से खट्टापन कम करने में मदद
मिलती है। तो चलिए आज इस लेख में हम आपको कुछ ऐसे ही छोटे-छोटे टिप्स के बारे में
बता रहे हैं, जिन्हें अपनाकर आप इडली डोसा बैटर को खट्टा होने से बचा
सकते हैं-इडली डोसा बैटर को फरमेंट करना बेहद जरूरी होता है, लेकिन इसे ओवर फरमेंट
करने से उसमें खट्टापन आ सकता है। चूंकि, गर्मियों में बैटर सर्दियों की तुलना में तेज़ी से
फरमेंट होता है। इसलिए, इसे बहुत ज़्यादा देर तक बाहर रखने से यह बहुत ज़्यादा खट्टा
हो जाएगा। गर्मी के मौसम में आप इसे 6-8 घंटे फरमेंट कर सकते हैं, जबकि ठंड के दिनों
में 10-15 घंटे तक इसे फरमेंट किया जा सकता है।
इडली डोसा बैटर को खट्टा होने से बचाने के लिए अपनाएं ये आसान उपाय
जब बैटर अच्छी तरह से फरमेंट हो जाए, तो इसे तुरंत फ्रिज में रख दें। बैटर के फरमेंट होने पर इसकी मात्रा
दोगुनी हो जाए और इसमें बुलबुले बन जाएंगे। अगर इसे फरमेंट होने के बाद भी बाहर रखा जाता है, तो ऐसे
इसका स्वाद खट्टा हो जाएगा। इडली डोसा बैटर बनाते समय सेंधा नमक का इस्तेमाल करना काफी अच्छा
रहता है। यह फरमेंटेशन को कंट्रोल करने में मदद करता है। साथ ही साथ, घोल को लंबे समय तक ताज़ा रखता
है। फरमेंटेशन के दौरान कभी भी आयोडीन युक्त नमक का इस्तेमाल न करें क्योंकि यह प्रोसेस को स्लो कर
सकता है लेकिन इससे बाद में खट्टापन हो सकता है।