
गोंदर ने कहा
गोंदर ने कहा, ‘‘हम सरकार से समर्थन वापस ले रहे हैं। हम अब कांग्रेस के
साथ हैं।’’ उन्होंने कहा, ‘‘हमने किसानों से जुड़े मुद्दों सहित विभिन्न मुद्दों पर
यह निर्णय लिया है।’’ उदय भान ने संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘‘तीन निर्दलीय
विधायकों -सोमबीर सांगवान, रणधीर गोलन और धर्मपाल गोंदर ने भाजपा नीत
सरकार से अपना समर्थन वापस ले लिया है और कांग्रेस को अपना समर्थन देने
का फैसला किया है।’’ उदय भान ने कहा, ‘‘मैं यह भी कहना चाहता हूं कि
(90 सदस्यीय) हरियाणा विधानसभा की मौजूदा क्षमता 88 की है,
जिसमें से भाजपा के 40 सदस्य हैं।
क्या अल्पमत में है हरियाणा नायब सरकार
भाजपा नीत सरकार को पहले जननायक जनता पार्टी (जजपा) के विधायकों
और निर्दलीय विधायकों का समर्थन प्राप्त था, लेकिन जजपा ने भी समर्थन वापस
ले लिया था और अब निर्दलीय भी साथ छोड़ रहे हैं।’’ उन्होंने कहा, ‘‘नायब सिंह
सैनी के नेतृत्व वाली सरकार अब अल्पमत में है। मुख्यमंत्री सैनी को अपना इस्तीफा
दे देना चाहिए, क्योंकि उन्हें एक मिनट भी पद पर रहने का अधिकार नहीं है।
’’ उन्होंने कहा कि राज्य में जल्द से जल्द विधानसभा चुनाव होने चाहिए।