
खराब किया जा रहा देश का माहौल
यादव ने कहा कि ‘पीडीए’ (पिछड़ा, दलित अल्पसंख्यक) के लिए संविधान जीवन और
मरण का विषय है। उन्होंने दावा किया कि 2014 के बाद जिस तेजी से असमानताएं
बढ़ी हैं, वह अकल्पनीय है। देश के 140 करोड़ लोगों में से 82 करोड़ लोग सरकारी
राशन पर गुजारा कर रहे हैं। जो देश को बताते हैं कि हम दुनिया की सबसे तेजी से
बढ़ने वाली अर्थव्यवस्था बन रहे हैं। मैं उस सरकार को बताना चाहता हूं कि जब 82
करोड़ लोग सरकारी राशन पर जी रहे हैं और दूसरी तरफ देश की 2/3 संपत्ति सिर्फ
कुछ परिवारों के कब्जे में है – अगर सरकार में साहस है। जब सरकार समय-समय पर
अपना डेटा जारी करती है तो उसे यह डेटा भी जारी करना चाहिए कि गरीबी रेखा से नीचे
रहने वालों की प्रति व्यक्ति आय कितनी है। उन्होंने आरोप लगाया कि आज ‘‘हर मस्जिद
के नीचे मंदिर खोजने की कोशिश करके माहौल खराब किया जा रहा है।’’ यादव ने कहा,
‘‘मैं उच्चतम न्यायालय का आभार व्यक्त करता हूं कि उसने इस पर अंकुश लगाया।
समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा कि उन्हें गर्व है कि महिलाएं चुनाव प्रक्रिया
में भाग लेने के लिए अपनी जान गंवाने से नहीं डरतीं। कन्नौज सांसद ने कहा कि मौजूदा
सरकार ने लोगों को देश से अलग-थलग कर दिया है, जिसके कारण एनडीए शासन में हजारों
लोगों ने या तो अपनी नागरिकता छोड़ दी है या देश छोड़ दिया है। उन्होंने इस बात पर प्रकाश
डाला कि संविधान वंचितों के अधिकारों की रक्षा करने और सभी नागरिकों के लिए न्याय
सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।