खिलाड़ियों को डिजिटल सर्टिफिकेट जारी किये जाएंगे : खेलमंत्री अनुराग ठाकुर

ठाकुर ने गुरुवार को कहा कि खिलाड़ी सर्वोपरि नीति के अनुरूप राष्ट्रीय खेल महासंघों को डिजिलाकर के जरिए खिलाड़ियों को सर्टिफिकेट देने के लिए कहा गया है। उन्होंने कहा, ‘यह निर्णय एनएसएफ के खेल प्रशासन में पारदर्शिता और कुशलता को बढ़ावा देने और खिलाड़ियों के दस्तावेजों की सुरक्षा, पहुंच और सत्यता सुनिश्चित करने के लिए लिया गया है।
डिजिटल सर्टिफिकेट में खिलाड़ियों की प्रतिस्पर्धाओं
सर्टिफिकेट देने का अहम फैसला किया है।
’’ खेलमंत्री ने खिलाड़ियों और राष्ट्रीय खेल महासंघों के लिये चीजें आसान करने की अपनी
योजना का ऐलान पिछले साल 29 अगस्त को किया था। उस समय एनएसएफ पोर्टल भी शुरू किया गया था।
ठाकुर ने आगे कहा कि खिलाड़ी सर्वोपरि नीति के अनुरूप राष्ट्रीय खेल महासंघों को डिजिलॉकर के
जरिये खिलाड़ियों को सर्टिफिकेट देने
के लिये कहा गया है। उन्होंने कहा, ‘‘यह फैसला एनएसएफ के खेल प्रशासन में पारदर्शिता और
कुशलता को बढावा देने और खिलाड़ियों के
दस्तावेजों की सुरक्षा , पहुंच और सत्यता सुनिश्चित करने के लिये लिया गया है।’’
उन्होंने कहा ,‘‘ इस साल एक जून से खेल महासंघों द्वारा डिजिलॉकर के जरिये जारी किये
खिलाड़ियों को डिजिटल सर्टिफिकेट जारी किये जाएंगे : खेलमंत्री अनुराग ठाकुर
गए सर्टिफिकेट ही वैध होंगे और किसी
कागजी प्रमाण पत्र को सरकारी और अन्य फायदों के लिये मान्य नहीं किया जायेगा।
हमने महासंघों को सुझाव दे दिया है कि
उनकी मान्यता प्राप्त ईकाइयां भी अगले साल एक जनवरी से डिजिलॉकर के जरिये
सर्टिफिकेट देना शुरू करे।
’’ ठाकुर ने कहा कि इससे सर्टिफिकेट जारी करने की प्रक्रिया सुचारू होगी और
प्रशासनिक बोझ कम होगा।
उन्होंने कहा, ‘इस वर्ष एक जून से खेल महासंघों द्वारा डिजिलाकर के जरिए जारी किए गए
सर्टिफिकेट ही वैध होंगे और किसी कागजी प्रमाण पत्र को सरकारी और अन्य लाभों के लिए मान्य नहीं किया जाएगा।
हमने महासंघों को सुझाव दे दिया है कि उनकी मान्यता प्राप्त ईकाइयां
भी अगले वर्ष एक जनवरी से डिजिलॉकर के जरिये सर्टिफिकेट देना शुरू करे।’
ठाकुर ने कहा कि इससे सर्टिफिकेट जारी करने की प्रक्रिया सुचारू होगी और प्रशासनिक बोझ कम होगा।