
ANI
शिवसेना (यूबीटी) के मुखपत्र ‘सामना’ ने पीएम मोदी के 75वें जन्मदिन समारोह पर सवाल उठाते हुए
देश में व्यापक गरीबी और बेरोजगारी पर चिंता जताई है।
सामना ने 80 करोड़ लोगों को मुफ्त राशन देने को देश के लिए गर्व नहीं
बल्कि गरीबी का सूचक बताया और भाजपा सरकार की आर्थिक नीतियों पर गंभीर प्रश्न उठाए।
शिवसेना (यूबीटी) के मुखपत्र ‘सामना’ ने नरेंद्र मोदी के 75वें जन्मदिन
के अवसर पर प्रधानमंत्री पर कटाक्ष किया है और देश भर में मनाए जा रहे
जश्न पर सवाल उठाए हैं। सामना के संपादकीय में देश में गरीबी
और बेरोजगारी को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा)
की आलोचना की गई है और प्रधानमंत्री मोदी के समर्थकों
से इन मुद्दों पर चिंतन करने को कहा गया है।
इसमें लिखा है कि प्रधानमंत्री मोदी 75 साल के हो गए हैं।
भारतीय जनता पार्टी के सदस्य पीएम मोदी का 75वां जन्मदिन मना रहे हैं।
पीएम मोदी के जन्मदिन पर Shiv Sena UBT का कटाक्ष: जश्न नहीं, गरीबी-बेरोजगारी पर चिंतन की जरूरत
अपने नेता का जन्मदिन मनाने में कोई बुराई नहीं है
लेकिन क्या आज देश में इतना स्वच्छ माहौल है
कि लोग पीएम मोदी का जन्मदिन मनाएँ और वह शुभकामनाएँ स्वीकार करें?
‘सामना’ में कहा गया है कि मोदी 11 साल से देश के प्रधानमंत्री हैं।
मोदी और उनके भक्तों को अब यह सोचना चाहिए
कि उन्होंने इन 11 सालों में देश को क्या दिया है।
सामना ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार देश के 80 करोड़ लोगों
को हर महीने राशन बांट रही है, जिससे पता चलता है
कि एक बड़ी आबादी गरीबी रेखा से नीचे है।