
बोले- आज भारत राजनीतिक और आर्थिक स्थिरता का प्रतीक
मोदी ने कहा कि आज पूरा देश विकसित भारत के निर्माण के मिशन में एकजुट है। हमारा संकल्प यह
सुनिश्चित करना है कि हर नागरिक के पास पक्का घर हो और हम इस लक्ष्य को हासिल करने के
लिए अथक प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि दिल्ली इस परिकल्पना को साकार करने में महत्वपूर्ण
भूमिका निभाती है, यही कारण है कि भाजपा की केंद्र सरकार ने मलिन बस्तियों को स्थायी आवास
से बदलने की पहल शुरू की है। उन्होंने कहा कि ये वर्ष विश्व में भारत में अंतरराष्ट्रीय छवि को और
सशक्त करने का होगा। ये वर्ष भारत को दुनिया का बड़ा मैन्युफैक्चरिंग हब बनाने का वर्ष होगा।
ये वर्ष युवाओं को नए स्टार्टअप और एंटरप्रेन्योरशिप में आगे बढ़ाने का होगा। ये वर्ष कृषि क्षेत्र में
नए कीर्तिमानों का होगा। ये वर्ष महिलाओं के नेतृत्व में विकास के हमारे मंत्र को नई ऊंचाई देने
का होगा। ये वर्ष जीवन जीने में आसानी और जीवन की गुणवत्ता बढ़ाने का होगा।प्रधानमंत्री ने
रिमोट का बटन दबाकर दो शहरी पुनर्विकास परियोजनाओं, नौरोजी नगर में विश्व व्यापार केंद्र
(डब्ल्यूटीसी) और सरोजिनी नगर में जनरल पूल आवासीय आवास (जीपीआरए) टाइप-II
क्वार्टर का भी उद्घाटन किया। स्वाभिमान अपार्टमेंट में इन नवनिर्मित फ्लैटों के उद्घाटन
से दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) द्वारा दूसरी सफल इन-सीटू स्लम पुनर्वास परियोजना
पूर्ण हो गई। इस परियोजना का उद्देश्य दिल्ली में झुग्गी बस्तियों के निवासियों को उचित
सुख-सुविधाओं से सुसज्जित बेहतर और स्वस्थ परिवेश प्रदान करना है। केंद्र सरकार द्वारा
एक फ्लैट के निर्माण पर 25 लाख रुपये खर्च किए जाते हैं। पात्र लाभार्थी कुल राशि का सात
प्रतिशत से कम भुगतान करते हैं, जिसमें मामूली योगदान के रूप में 1.42 लाख रुपये और
रखरखाव के पांच साल के लिए 30,000 रुपये शामिल हैं।