
एसएसपी के अनुसार इनमें 35 पुरुष, 27 महिलाएं और 28 बच्चे हैं। वे 3-4 महीने
पहले मथुरा पहुंचे थे। इससे पहले वे पास के एक राज्य में रह रहे थे। विस्तृत पूछताछ
की जा रही है। अन्य एजेंसियों को भी इस बारे में सूचित कर दिया गया है। वे भी उनसे
पूछताछ कर रहे हैं।उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले में एक महत्वपूर्ण अभियान में पुलिस
ने नौहझील पुलिस स्टेशन के अधिकार क्षेत्र के अंतर्गत खाजपुर गांव से 90 बांग्लादेशी
नागरिकों को हिरासत में लिया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) श्लोक कुमार के
अनुसार, यह निरीक्षण जिले के ग्रामीण क्षेत्र में काम करने वाले मजदूरों की पहचान और
वैधता को सत्यापित करने के अभियान का हिस्सा था। एसएसपी कुमार ने शुक्रवार को
एएनआई को बताया कि थाना नौहझील की टीम द्वारा खाजपुर गांव में भट्टों की जांच
के दौरान लगभग 90 लोग बांग्लादेशी नागरिक पाए गए। उन सभी को हिरासत में ले
लिया गया है और उनसे पूछताछ की जा रही है। एसएसपी के अनुसार इनमें 35 पुरुष
27 महिलाएं और 28 बच्चे हैं। वे 3-4 महीने पहले मथुरा पहुंचे थे।
मथुरा में पकड़े गए अवैध रूप से रह रहे 90 बांग्लादेशी
सरकार ने राज्य में रह रहे बांग्लादेशी और रोहिंग्या घुसपैठियों को पकड़ने और उन्हें
वापस भेजने के लिए एक तीव्र अभियान शुरू किया था। अधिकारियों ने कहा कि अवैध
रूप से रह रहे पाकिस्तानी नागरिकों के खिलाफ पहले ही कार्रवाई की जा चुकी है और
अब बांग्लादेशी और रोहिंग्या प्रवासियों पर भी इसी तरह का ध्यान केंद्रित किया जा रहा है।
शुक्रवार को दिल्ली में बिना वैध दस्तावेजों के रहने के आरोप में पांच नाबालिगों समेत 13
संदिग्ध बांग्लादेशी नागरिकों को हिरासत में लिया गया है।उसने बताया कि
हिरासत में लिये गये मोहम्मद रफीकुल (50), खोतेजा बेगम (41), मोहम्मद
अनवर हुसैन (37), मोहम्मद अमीनुल इस्लाम (28), जोरिना बेगम (27), अफरोजा
खातून (25), मोहम्मद खाखोन (20), हसना (19) और पांच नाबालिग बांग्लादेश के
खुदीग्राम के रहने वाले है। उन्होंने बताया कि एक अभियान के दौरान बाहरी दिल्ली
के औचंदी गांव में इन सभी को हिरासत में लिया गया।