
रंगों का त्योहार होली में उत्साह के साथ स्वादिष्ट व्यंजनों के जरुर चखा जाता है। होली का फेस्टिवल
चटपटे और टेस्टी व्यंजनों के बिना अधूरा है। केसर और सुगंधित मसालों से भरपूर ताजगी भरी ठंडाई
से लेकर खोया और मेवे से भरी कुरकुरी, मीठी गुजिया तक, हर निवाला खुशी देता है। होली का
त्योहार गुजिया के बिना अधूरा लगता है। इसलिए हम आपके लिए लेकर आएं ट्रेडिशनल खोवे
और ड्राई फ्रूट्स से भरी हुई चंद्रकला गुजिया की रेसिपी। इसे बनाना काफी आसान होता है।
आइए आपको चंद्रकला गुजिया की विधि बताते हैं।
चंद्रकला गुजिया बनाने की सामग्री
– 2 कप मैदा
– आधा कप देसी घी
– स्टफिंग के लिए खोया और मावा – 100 ग्राम
– पिसी चीनी आधा कप
– सूजी दो चम्मच
– नारियल एक चौथाई कद्दूकस किया हुआ
– काजू 10-12
– चिरौंजी 2 चम्मच
– इलायची पाउडर 2 चम्मच
– चीनी दो कप चाश्नी के लिए
– घी या तेल तलने के लिए
होली पर मेहमानों को खिलाएं रसभरी चंद्रकला गुजिया
– इसे बनाने के लिए पहले गुजिया का आटा गूंथ लें। मैदा में एक चौथाई कप धी डालकर अच्छे मिक्स
कर लें। अब पानी डालकर आटा को गूंथ लें।- स्टफिंग तैयार करने के लिए पहले खोया को कड़ाही में घी
डालकर भून लीजिए। जब यह हल्का ब्राउन हो जाए तो गैस बंद कर दें।- अब किसी बर्तन में मावे को
ठंडा करने के लिए रख दें। इसके बाद आप सूजी को घी डालकर भून लें और यह गोल्डन ब्राउन हो जाएं
तो इसे आखिर में खोया के साथ मिला दें।- जब मिश्रण ठंडा हो जाए, तो इसमें काजू, चिरौंजी,
किशमिश, इलायची पाउडर और पीसी चीनी डालकर अच्छे से हाथों से मिला लें।- इसके बाद आप
तीन-चार इंच की गोलाई में पूड़िया बेलें और उसमें स्टाफिंग को फिल करके दूसरी पूड़ी को रखें।
अब मैदे का गाढ़ा घोल बनाकर रखें, इस घोल को पूड़ी के किनारों पर लगाएं और अच्छे तरह से
दबाकर बंद कर दें। जिससे स्टाफिंग बाहर ना निकलें।- फिर आप कांटे की मदद से किनारों पर
हल्के निशान बना दें। जो गुजिया जैसी डिजाइन लगे। अब सारी गुजिया इसी तरह से तैयार कर
लें।- लास्ट में कड़ाही में पर्याप्त मात्रा में देसी घी डाले और गर्म करें। फिर माध्यम आंच पर एक
बार में दो-तीन गुजिया डालकर और ब्राउन होने तक तलें। सारी गुजिया तलकर साइड में रख
लीजिए।- फिर आप एक पैन में चीनी और पानी डालकर चाश्नी तैयार करें। चाश्नी दो तार की
बननी चाहिए। इसे चेक करने के लिए आप चीनी और पानी घुलकर दो मिनट पक जाए, तो
किसी बर्तन में चाश्नी टपकाकर चेक कर सकते हैं। उंगली के पोर में चाश्नी को दबाने से दो तार
बनें तो गैस को बंद कर दें।- आखिर में इस चाश्नी में गुजिया डालें और निकालकर किसी प्लेट
में रख दें। यह लीजिए तैयार है आपकी चंद्रकला गुजिया।