
14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा गया
संजय रॉय की पहचान एक नागरिक स्वयंसेवक के रूप में की गई, जो सरकारी अस्पताल
में अक्सर आता-जाता था और पुलिस ने कहा कि उसने पोस्टग्रेजुएट ट्रेनी डॉक्टर के यौन
उत्पीड़न और हत्या की बात स्वीकार की है। इसके बाद सोशल मीडिया पर ऐसी चर्चा हुई
कि तथ्य, अफ़वाहें और आधी-अधूरी सच्चाईयों ने एक मादक कॉकटेल बना दिया और
लोगों ने मिलकर एक बलात्कारी-हत्यारे की छवि बना ली। कुछ रिपोर्टों में कहा गया कि
रॉय ने चार बार शादी की, दूसरों ने बताया कि वह पोर्न देखने का आदी था और अक्सर
वेश्याओं के पास जाता था।कोलकाता की एक विशेष अदालत ने शहर के सरकारी आर.जी.
कर अस्पताल में महिला चिकित्सक के साथ कथित दुष्कर्म एवं हत्या मामले की जांच कर
रहे केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) को चिकित्सा महाविद्यालय के पूर्व प्रधानाचार्य
संदीप घोष और चार अन्य चिकित्सकों की ‘पॉलीग्राफ’ जांच कराने की अनुमति
बृहस्पतिवार को दे दी। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि
सीबीआई ने घोष और नौ अगस्त को घटना के दिन ड्यूटी पर मौजूद रहे चार अन्य
कनिष्ठ चिकित्सकों को विशेष अदालत के समक्ष पेश किया ताकि उनकी ‘पॉलीग्राफ’
जांच कराने की अनुमति मांगी जा सके।