
बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने इस बात पर जोर दिया कि ‘किसी में भी उन्हें
हटाने की हिम्मत नहीं थी’, जब उनसे पूछा गया कि क्या एसपी सिंगला कंस्ट्रक्शन प्राइवेट
लिमिटेड के खिलाफ उनकी कार्रवाई के कारण सड़क निर्माण विभाग उनसे छीन लिया गया
था। हाल ही में, बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने राज्य में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा)
के मंत्रियों के विभागों में फेरबदल किया था और सड़क निर्माण विभाग का विभाग विजय
सिन्हा से लेकर नितिन नवीन को सौंपा गया था। सिन्हा को खनन विभाग की मौजूदा
जिम्मेदारी के साथ-साथ कृषि विभाग का प्रभार भी दिया गया है।जब उनसे पूछा गया
कि क्या एसपी सिंगला कंस्ट्रक्शन प्राइवेट लिमिटेड के खिलाफ कार्रवाई के कारण उनसे
पथ निर्माण विभाग छीन लिया गया है। सिन्हा ने कहा, “किसी में मुझे हटाने की हिम्मत
नहीं है। मेरे द्वारा दिए गए आदेश को कोई नहीं बदल सकता।” गौरतलब है कि विजय कुमार
सिन्हा ने पथ निर्माण विभाग का प्रभार छोड़ने से ठीक पहले प्रमुख कंपनी एसपी सिंगला
कंस्ट्रक्शन प्राइवेट लिमिटेड के खिलाफ कार्रवाई की थी। सिन्हा ने एसपी सिंगला कंपनी
को आगे के प्रोजेक्ट करने से रोक दिया।
पथ निर्माण विभाग से हटाने के विवाद पर बोले उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा
कंपनी को काफी समय से बिहार में कई बड़े प्रोजेक्ट दिये गये थे। जानकारी के मुताबिक
कंपनी द्वारा बनाया गया एक पुल ढह गया है। कंपनी द्वारा निर्माणाधीन अगवानी घाट पुल
ध्वस्त हो गया था। विभाग से मुक्त होने से पहले सिन्हा ने पुल ढहने से जुड़े दो इंजीनियरों
के खिलाफ भी कार्रवाई का आदेश दिया था। सिन्हा द्वारा कंपनी को डिबार किये जाने के
बाद अब इस कंपनी को अगवानी पुल बनने तक कोई अन्य प्रोजेक्ट नहीं मिल सकता है।
भाजपा नेता ने कहा कि अगवानी घाट पुल की फाइल प्रोसेस करने में खेल किया जा रहा
था। कई दिनों से फाइल गायब थी। इस मामले में सीएम नीतीश कुमार ने भी कार्रवाई का
आदेश दिया था। जब तक एसपी सिंगला कंस्ट्रक्शन प्राइवेट लिमिटेड अगवानी घाट पुल
का निर्माण पूरा नहीं कर लेती, तब तक कंपनी को कोई नया टेंडर नहीं दिया जाएगा।