सिद्धार्थ शुक्ला को लेकर पजेसिव थीं Shehnaaz Gill
शहनाज गिल की तरह अपने पार्टनर को लेकर पजेसिव होना अच्छी बात है, लेकिन
जरूरत से ज्यादा पजेसिवनेस रिश्ता खराब कर देती है। चलिए जानते हैं कैसे
पजेसिवनेस रिश्ते को खराब करती है।फराह खान के साथ एक इंटरव्यू में शहनाज
गिल ने सिद्धार्थ शुक्ला के साथ अपने रिश्ते पर खुलकर चर्चा की। बातचीत के दौरान
शहनाज ने बताया कि वह सिद्धार्थ को लेकर काफी पजेसिव थी। इंटरव्यू में उन्होंने
कहा, ‘मैं बहुत ज़्यादा पज़ेसिव हूं।’ सिद्धार्थ का जिक्र करते हुए शहनाज ने कहा, ‘मैं
पजेसिव थी क्योंकि वह सुंदर था। अगर कोई इतना अच्छा दिखता है, तो असुरक्षित
और पज़ेसिव महसूस करना स्वाभाविक है।’ बता दें, शहनाज और सिद्धार्थ की
मुलाकात बिग बॉस 13 के घर के अंदर हुई थी। यहां रहने के दौरान दोनों की दोस्ती
हुई और घर बाहर आने के बाद दोनों प्यार में पड़ गए। दोनों ने सार्वजनिक रूप से
कभी अपने रिश्ते की पुष्टि नहीं की, लेकिन उन्होंने अपने रिश्ते को कभी नकारा भी नहीं।
अपनों के लिए सबसे अच्छे उपहार शहनाज की तरह अपने पार्टनर को लेकर पजेसिव
होना अच्छी बात है, लेकिन जरूरत से ज्यादा पजेसिवनेस रिश्ता खराब कर देती है।
चलिए जानते हैं कैसे पजेसिवनेस रिश्ते को खराब करती है।
सिद्धार्थ शुक्ला को लेकर पजेसिव थीं Shehnaaz Gill
जब आप जरूरत से ज्यादा अपने पार्टनर के लिए पजेसिव हो जाते हैं तो आप उनकी
स्वतंत्रता को सीमित कर देते हैं, जिससे उन्हें घुटन महसूस हो सकती है। इसके
परिणामस्वरूप आपका पार्टनर आपसे नाराज हो सकता है और धीरे-धीरे दूरियां बढ़ा
सकता है, जिससे रिश्ता टूटने की कगार पर पहुंच सकता है। अधिकार जताने की
भावना जलन को बढ़ा सकती है। इससे पार्टनर अच्छी बातों को भी नकारात्मक
तरीके से लेना शुरू कर सकता है। इससे रिश्ते में संघर्ष पैदा हो सकता है। अच्छा
रिश्ता चाहते हैं तो बेहतर रहेगा कि आप पार्टनर पर जरूरत से ज्यादा हक जताना
बंद कर दें। लगातार संदेह और अधिकार जताने वाला व्यवहार पार्टनर के साथ
आपकी खुली बातचीत को बाधित कर सकता है। हो सकता है कि आपका पार्टनर
लड़ाई-झगड़ों से बचने के लिए चीजें छिपाने लगे। इससे रिश्ते की नींव कमजोर
होने लगती है, जो अच्छा नहीं है।