
बदरपुर विधानसभा सीट पर बीजेपी को खलेगी बिधूड़ी की कमी
साल 2020 में हुए पिछले विधानसभा चुनाव में दक्षिणी दिल्ली की 10 से नौ सीटों पर आम आदमी
पार्टी के प्रत्याशी जीते थे। भाजपा के खाते में बदरपुर सीट आई थी। यहां से रामवीर सिंह बिधूड़ी
ने आप के रामसिंह नेता जी को हराकर बाजी मारी थी। इस बार परिस्थितियां अलग हो गई हैं।
आप ने फिर से रामसिंह नेताजी पर भरोसा जताया है। ऐसे में भाजपा को मजबूत प्रत्याशी को
चुनावी मैदान में उतारना होगा।1993 में हुए पहले चुनाव में बदरपुर विधानसभा सीट पर रामवीर
सिंह बिधूड़ी ने जनता दल के प्रत्याशी के रूप में जीत दर्ज की थी। उस समय दूसरे नंबर पर रामसिंह
नेताजी रहे थे। वह कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़े थे। भाजपा के प्रत्याशी लज्जा राम तीसरे नंबर
पर रहे थे।बदरपुर सीट पर 1998 में हुए दूसरे चुनाव में रामसिंह नेताजी ने निर्दलीय प्रत्याशी के तौर
पर जीत दर्ज की थी। उन्हें 45.50 फीसदी वोट मिले थे। दूसरे नंबर पर रामवीर सिंह बिधूड़ी रहे थे।
तब वह कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़े थे। भाजपा के सूरजभान तीसरे नंबर पर रहे थे।इस सीट पर
पहले तीन चुनाव में तीसरे नंबर पर रहने वाली भाजपा का खाता पहली बार 2013
में खुला। भाजपा प्रत्याशी रामवीर सिंह बिधूड़ी ने रामसिंह नेताजी को हराया था। बिधूड़ी को
34.23 फीसदी वोट मिले थे। जबकि आम आदमी पार्टी नारायण दत्त शर्मा चौथे नंबर पर रहे थे।