
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा भारत पर लगाया गया अतिरिक्त 25
प्रतिशत शुल्क बुधवार को लागू हो गया। इसके साथ ही भारतीय वस्तुओं
पर अमेरिका में कुल शुल्क बढ़कर 50 प्रतिशत हो गया।
बीएसई का 30 शेयरों वाला मानक सूचकांक सेंसेक्स 705.97 अंक यानी 0.87
प्रतिशत गिरकर 80,080.57 अंक पर बंद हुआ।
कारोबार के दौरान एक समय यह 773.52 अंक गिरकर 80,013.02 पर आ गया था।
एनएसई का 50 शेयरों वाला मानक सूचकांक निफ्टी 211.15 अंक यानी
0.85 प्रतिशत गिरकर 24,500.90 अंक पर बंद हुआ।
सेंसेक्स के समूह में शामिल कंपनियों में से एचसीएल टेक, इन्फोसिस, पावर ग्रिड, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज
एचडीएफसी बैंक, हिंदुस्तान यूनिलीवर, भारती एयरटेल और आईसीआईसीआई
बैंक प्रमुख रूप से नुकसान में रहे।
अमेरिकी शुल्क के दबाव में घरेलू शेयर बाजार, सेंसेक्स 706 अंक लुढ़का
हालांकि टाइटन, लार्सन एंड टुब्रो, मारुति और एक्सिस बैंक के शेयर बढ़त के साथ बंद हुए।
जियोजीत इन्वेस्टमेंट्स लिमिटेड के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा
भारतीय वस्तुओं पर शुल्क लागू होने के बाद फैली निराशा के बीच
घरेलू शेयर बाजार गिरावट के साथ बंद हुए।
कपास आयात शुल्क में छूट ने शुल्क प्रभावों का मुकाबला करने के लिए
नीतिगत समर्थन की उम्मीदों को कुछ समय के लिए बढ़ा दिया
लेकिन निवेशकों की मनोदशा नाजुक ही बनी रही।
सरकार ने 50 प्रतिशत शुल्क का सामना कर रहे कपड़ा निर्यातकों की मदद के लिए
कपास के शुल्क-मुक्त आयात को तीन महीने और बढ़ाकर 31 दिसंबर तक कर दिया है।
एशिया के अन्य बाजारों में दक्षिण कोरिया का कॉस्पी, जापान का निक्की
और चीन का शंघाई कंपोजिट सकारात्मक दायरे में बंद हुए
जबकि हांगकांग का हैंग सेंग गिरावट में रहा। यूरोपीय बाजारों में मिला-जुला रुख रहा।