बिना नाम लिए मोदी का केजरीवाल का तंज
नरेंद्र मोदी ने कहा कि बीते 10 वर्षों से दिल्ली एक बड़ी आप-दा से घिरी है। अन्ना हजारे जी को सामने करके
कुछ कट्टर बेईमान लोगों ने दिल्ली को आप-दा में धकेल दिया। शराब के ठेकों में घोटाला, बच्चों के स्कूल में
घोटाला, गरीबों के इलाज में घोटाला, भर्तियों के नाम पर घोटाला प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज (3 जनवरी)
दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल पर कटाक्ष
किया और कहा कि मैंने 4 करोड़ लोगों को घर देकर उनके सपनों को पूरा किया और अपने लिए कभी घर
नहीं बनाया। उन्होंन तंज भरे लहजे में कहा कि चाहता तो ‘शीश महल’ मैं भी बनवा सकता था। दिल्ली सरकार
पर भ्रष्टाचार में लिप्त होने और शहर के निवासियों को बेहतर सुविधाएं प्रदान करने में विफल रहने का आरोप
लगाते हुए, पीएम ने सत्तारूढ़ पार्टी को आपदा करार दिया।दिल्ली में झुग्गीवासियों के लिए आवास परियोजना
की शुरुआत करते हुए पीएम ने कहा, ‘मैं शीशमहल बना सकता था, लेकिन मेरे लिए मेरा सपना था कि मेरे
देशवासियों को पक्का घर मिले।’ आप पर वार करते हुए मोदी ने कहा कि उन्होंने शराब घोटाला, स्कूल घोटाला
और प्रदूषण घोटाला किया है। वे खुलेआम भ्रष्टाचार में लिप्त हैं और इसे प्रचारित भी कर रहे हैं। यह दिल्ली
के लिए एक आपदा है, और निवासियों ने इस आपदा के खिलाफ युद्ध की घोषणा कर दी है।
बिना नाम लिए मोदी का केजरीवाल का तंज
नरेंद्र मोदी ने कहा कि बीते 10 वर्षों से दिल्ली एक बड़ी आप-दा से घिरी है। अन्ना हजारे जी को सामने
करके कुछ कट्टर बेईमान लोगों ने दिल्ली को आप-दा में धकेल दिया। शराब के ठेकों में घोटाला, बच्चों के
स्कूल में घोटाला, गरीबों के इलाज में घोटाला, भर्तियों के नाम पर घोटाला… ये लोग दिल्ली के विकास की
बात करते थे, लेकिन ये लोग आप-दा बनकर दिल्ली पर टूट पड़े हैं। उन्होंने दावा किया कि दिल्ली वालों
ने आप-दा के विरुद्ध जंग छेड़ दी है। दिल्ली का वोटर, दिल्ली को आप-दा से मुक्त करने की ठान चुका है।
वो कह रहा है- आप-दा को नहीं सहेंगे, बदल के रहेंगे।उन्होंने कहा कि मैं तो दिल्ली वालों को मुफ्त इलाज
की सुविधा देने वाली ‘आयुष्मान भारत’ योजना का लाभ देना चाहता हूं। आप-दा सरकार को दिल्ली वालों
से बड़ी दुश्मनी है। पूरे देश में आयुष्मान योजना लागू है, लेकिन इस योजना को आप-दा वाले यहां (दिल्ली)
लागू नहीं होने दे रहे। इसका नुकसान दिल्ली वालों को उठाना पड़ रहा है। उन्होंने दावा किया कि दिल्ली
एक सुर में कह रही है, ‘आपदा को नहीं सहेंगे, बदल कर रहेंगे’।0