
सेना की त्रिशक्ति कोर ने प्रशिक्षण अभ्यास के दौरान सिक्किम में 17000 फीट की ऊंचाई वाले क्षेत्र में
गुरुवार को एंटी-टैंक गाइडेड मिसाइलों (एटीजीएम) से फायरिंग की। प्रशिक्षण अभ्यास में पूर्वी कमान
की मिसाइल-फायरिंग टुकड़ियों ने भाग लिया। Sikkim Missile test सिक्किम में 17000 फीट की
ऊंचाई से भारतीय सेना ने चीन को अपना दम दिखाया है। सेना ने गुरुवार को एंटी-टैंक गाइडेड मिसाइलों
(एटीजीएम) से फायरिंग का अभ्यास किया। प्रशिक्षण अभ्यास में पूर्वी कमान की मिसाइल-फायरिंग
टुकड़ियों ने भाग लिया। अभ्यास के दौरान युद्ध के मैदान की स्थितियों को दर्शाते हुए गतिशील और
स्थिर लक्ष्यों पर विभिन्न प्लेटफार्मों से लाइव फायरिंग की गईं
विभिन्न प्लेटफार्मों से लाइव फायरिंग
जनसंपर्क अधिकारी ने बताया, अभ्यास के दौरान युद्ध के मैदान की स्थितियों को दर्शाते हुए गतिशील
और स्थिर लक्ष्यों पर विभिन्न प्लेटफार्मों से लाइव फायरिंग की गईं। ऊंचाई वाले इलाके में एटीजीएम
प्रणाली की सटीकता और प्रभावशीलता को प्रदर्शित किया गया। इससे ‘एक मिसाइल’ और ‘एक टैंक’
के उद्देश्य की पुष्टि हुई।सेना की त्रिशक्ति कोर ने प्रशिक्षण अभ्यास के दौरान सिक्किम में 17000 फीट
की ऊंचाई वाले क्षेत्र में गुरुवार को एंटी-टैंक गाइडेड मिसाइलों (एटीजीएम) से फायरिंग की। प्रशिक्षण
अभ्यास में पूर्वी कमान की मिसाइल-फायरिंग टुकड़ियों ने भाग लिया। Sikkim Missile test
सिक्किम में 17000 फीट की ऊंचाई से भारतीय सेना ने चीन को अपना दम दिखाया है।
17000 फीट की ऊंचाई पर एंटी टैंक गाइडेड मिसाइल से फायरिंग
सेना द्वारा बताया गया कि इस अभ्यास से एटीजीएम टुकड़ियों ने अद्वितीय घातकता के साथ बख्तरबंद
खतरों को बेअसर करने की क्षमता का प्रदर्शन किया, जिससे खतरनाक पहाड़ों पर मिशन की सफलता
सुनिश्चित हुई। प्रशिक्षण अभ्यास में पूर्वी कमान की मिसाइल-फायरिंग टुकड़ियों ने भाग लिया। अभ्यास के
दौरान युद्ध के मैदान की स्थितियों को दर्शाते हुए गतिशील और स्थिर लक्ष्यों पर विभिन्न प्लेटफार्मों से
लाइव फायरिंग की गईं