
रोड शो लंका स्थित मालवीय चौराहे से श्री काशी विश्वनाथ धाम तक हुआ
रोड शो लंका स्थित मालवीय चौराहे से श्री काशी विश्वनाथ धाम तक हुआ। यह संत
रविदास गेट, अस्सी, शिवाला, सोनारपुरा, जंगमबाड़ी, गोदौलिया से होकर गुजरी। पूरे
रास्ते भर यह श्री राम के नारे लगे। बीजेपी सूत्रों के मुताबिक, पीएम BLW गेस्टहाउस
में रात रुकेंगे। एक निवासी ने कहा कि इतना उत्साह है कि रात भर हम पीएम मोदी के
स्वागत की योजना बनाते रहे। वाराणसी में पीएम मोदी के रोड शो पर एक स्थानीय
निवासी ने कहा कि इतनी बढ़िया तैयारी पहले कभी नहीं हुई थी। लोगों का ये जनसैलाब
ऐतिहासिक है और ऐसा तभी हो सकता है जब पीएम मोदी आते हैं। एक ने कहा कि पिछले
दस वर्षों में मैंने वाराणसी में बहुत विकास देखा है और यह सब पीएम मोदी के कारण है।
मुझे उम्मीद है कि इस बार भी वह जीतेंगे…उम्मीद है कि वह सत्ता में आएंगे और लोगों का
कल्याण करेंगे।’ मैं भीड़ देखकर सचमुच चकित हूं।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी भगवा कुर्ता और सफेद सदरी पहनकर विशेष
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी भगवा कुर्ता और सफेद सदरी पहनकर विशेष और खुले वाहन
पर सवार हुए थे। अंसार उल हक ने कहा कि यह बहुत अच्छा अहसास है। वाराणसी के
इतिहास में ऐसा पहली बार हो रहा है। हम पीएम मोदी और हमारी पार्टी के ‘400 पार’
के संकल्प को पूरा करेंगे। एक अन्य ने कहा कि मुसलमानों के लिए पीएम मोदी का
स्वभाव शुरू से ही सराहनीय रहा है। वाराणसी के स्थानीय लोगों ने दावा किया कि
2014 और 2019 के रोड शो से भी ज्यादा लोग इस बार के रोड शो में उमड़ पड़े।
मोदी ने इसके पहले 2014 और 2019 में वाराणसी लोकसभा सीट से चुनाव जीता
और अबकी बार यहां से तीसरी बार उम्मीदवार हैं। मोदी ने उप्र में इस बार लोकसभा
चुनाव प्रचार अभियान के तहत गाजियाबाद से रोड शो की शुरुआत की थी और उसके
बाद कानपुर, बरेली और अयोध्या में भी उन्होंने रोड शो किया। इन सभी स्थानों पर
मोदी वाहन पर सवार होते ही अपने हाथ में भारतीय जनता पार्टी का चुनाव चिह्न कमल
लेकर लोगों का अभिवादन करते थे, लेकिन अपने संसदीय क्षेत्र में वह हाथ में कमल
लेने की बजाय दोनों हाथ जोड़कर जनता का अभिवादन करते नजर आए। करीब छह
किलोमीटर लंबे इस रोड शो के दौरान शहनाई की धुन, शंखनाद, ढोल की थाप और
मंत्रोच्चार के बीच पूरी यात्रा काशी की संस्कृति में रची-बसी नजर आयी।
Lok Sabha Election: कल नामांकन
प्रधानमंत्री और वाराणसी के सांसद नरेन्द्र मोदी 14 मई को तीसरी बार वाराणसी
से नामांकन करेंगे। यहां से उनकी जीत लगभग तय मानी जा रही है, बस देखना
यह होगा कि जीत का अंतर कितना बड़ा होता है। वाराणसी लोकसभा चुनाव की
खास बात जहां प्रधानमंत्री मोदी की उम्मीदवारी है तो चर्चा इस बात की भी है कि
पूरे देश में घूम-घूम कर मोदी को गाली देने वाले नेताओं की फौज में क्या कोई
ऐसा नेता मौजूद नहीं हैं जो वाराणसी में आकर मोदी को चुनौती दे सके।