
लखनऊ। उत्तर प्रदेश की हाई प्रोफाइल सीटों में शुमार कन्नौज की लोकसभा सीट पर
सपा उम्मीदवार को लेकर चल सस्पेंस सोमवार को समाप्त हो गया। समाजवादी पार्टी
की नई लिस्ट से यह साफ हो गया कि पार्टी प्रमुख कन्नौज सीट से चुनाव नहीं लड़ेगे।
यहां से उन्होंने तेज प्रताप यादव को मौका दिया है। हालांकि अभी भी यह सीट यादव
परिवार के पास ही है।उत्तर प्रदेश की हाई प्रोफाइल सीटों में शुमार कन्नौज की लोकसभा
सीट पर सपा उम्मीदवार को लेकर चल सस्पेंस सोमवार को समाप्त हो गया। समाजवादी
पार्टी की नई लिस्ट से यह साफ हो गया कि पार्टी प्रमुख कन्नौज सीट से चुनाव नहीं लड़ेगे
। यहां से उन्होंने तेज प्रताप यादव को मौका दिया है। हालांकि अभी भी यह सीट यादव
परिवार के पास ही हैतेज प्रताप यादव, उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव
के भाई के पोते हैं। उनकी शादी बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव की छोटी बेटी
राजलक्ष्मी के साथ हुई थी।
Lok Sabha Election: कन्नौज से अटकलों पर लगा विराम
उन्होंने 2014 में मैनपुरी लोकसभा सीट से चुनाव लड़ा था और सपा को जीत दिलाई थी।
अब इस सीट पर अखिलेश यादव की पत्नी डिंपल यादव लड़ रही हैं। बताते चलें कि समाजवादी
पार्टी ने सोमवार को उम्मीदवारों की नई सूची जारी की है, इसमें दो सीटों के उम्मीदवारों के नाम
हैं।पहला नाम, बलिया से सनातन पांड्ये का है। वह वर्ष 2019 के चुनाव में भी सपा और बसपा
गठबंधन की ओर से सपा से उम्मीदवार थे। उन्होंने भाजपा को कड़ी टक्कर दी थी। भाजपा के
वीरेंद्र सिंह मस्त को 469114 मत मिले थे, वहीं सपा के सनातन पांडेय को 453595 मत प्राप्त
हुए थे। हार का अंतर मात्र 15519 मत का था।उत्तर प्रदेश की हाई प्रोफाइल सीटों में शुमार कन्नौज
की लोकसभा सीट पर सपा उम्मीदवार को लेकर चल सस्पेंस सोमवार को समाप्त हो गया। समाजवादी
पार्टी की नई लिस्ट से यह साफ हो गया कि पार्टी प्रमुख कन्नौज सीट से चुनाव नहीं लड़ेगे। यहां से
उन्होंने तेज प्रताप यादव को मौका दिया है। हालांकि अभी भी यह सीट यादव परिवार के पास ही है।