
अधिकतर देशों में खेल जगत के सितारे, सेलिब्रेटी, इंफ्लूएंशर्स और राजनेता की रैली में उन्हें सुनने के लिए प्रशंसकों
की भीड़ आती है। लेकिन पाकिस्तान के मामले में कहानी थोड़ी उलट है। हो भी क्यों न, आखिर देश की दुनिया में अनूठा
है। पड़ोसी मुल्क के मामले में तमाम स्टार्स और पॉलिटिशियंस नहीं बल्कि लश्कर-ए-तैयबा, जैश-ए-मोहम्मद जैसे
संगठनों से जुड़े आतंकवादी भीड़ को अपनी ओर खिंचने का काम करते हैं। पहलगाम में 26 हत्याओं का मास्टरमाइंड
पाकिस्तान में खुले मंच से एक बयान दे रहा है। वो कह रहा है कि भारत ने मुझपर पहलगाम हमले का इल्जाम लगाया
। अब पूरी दुनिया मेरा नाम जानती है। 28 मई से ये बयान छाया हुआ है। जिस मंच से सैफुल्लाह कसूरी ने ये बातें कहीं
हैं। आसपास कई लोग बैठे नजर आए।
पूरी दुनिया में सत्ता और टेरर का कॉकटेल अकेला
पाकिस्तान का ये आतंकी शुरुआत में छिप छिप कर घूमता रहा। लेकिन अब येसरेआम मंचों पर दिख रहा है। ह
मने ऑपरेशन सिंदूर चलाया, जिसके बाद आतंकी ठिकाने ध्वस्त हो गए। लेकिन येतस्वीर अभी भी गवाही दे रही
है कि पाकिस्तान सुधरने वाले मुल्कों में से नहीं है। किस तरह से शहबाज के दो मंत्री मंचपर आतंकियों के साथ बैठे
जर आए। पाकिसतान अपनी जमी से आतंकवाद को फैला रहा है। पाकिस्तान का आतंकियोंको समर्थन वाला चेहरा
भी बेनकाब हो रहा है। पाकिस्तान के पंजाब प्रांत का कसूर जिला जहां एक सार्वजनकि रैली मेंसैफुल्लाह के साथ
साथ लश्कर ए तैयबा को बनाने वाले हाफिज सईद का बेटा तल्हा सईद भी नजर आया। लेकिन सबसेदिलचस्प
तो इन आतंकियों के बीच शहबाज सरकार के दो मंत्रियों की मौजूदगी रही।
Pakistan में लगा आतंकियों का मेला
मंत्रियों ने व्यक्तिगत रूप से कसूरी का मंच पर स्वागत किया और उन्हें गले लगाया। मंत्री मलिक रशीद ने खुले तौर
पर घोषणा की कि आज 24 करोड़ पाकिस्तानियों काप्रतिनिधित्व हाफ़िज़सईद और सैफुल्लाह कसूरी जैसे लोग कर
रहे हैं।रैली में कसूरी के साथ-साथ संयुक्त राष्ट्र द्वारा प्रतिबंधित आतंकवादी तल्हा सईद भी शामिल हुआ। संयुक्त राष्ट्र
द्वारा प्रतिबंधित आतंकवादी और 26/11 मुंबई हमलों के मास्टरमाइंड हाफिज सईद का बेटा तल्हा सईद ने भी भारत
के खिलाफ जहर उगलने में कोई कमी नहीं छोड़ी। 28 मई को आयोजित रैली के वीडियो क्लिप में तल्हा सईद को
अन्य राजनेताओं के साथ मंच पर पंजाब विधानसभा के अध्यक्ष मलिकअहमद खान का स्वागत करते हुए दिखाया
गया है।